GT America Devanagari
Family overview
- Ultra Light
- Thin
- Light
- Regular
- Medium
- Bold
- Black
- Ultra Lightजब चाशनी में उबाल आ जाए और सारी चीनी पानी में अच्छे से घुल जाए तो उसके बाद इसे १-२ मिनट तक और पकायें। फिर चाशनी के घोल में से १-२ बूंदे लेकर प्लेट में टपकाएं और अंगूठे व उंगली के बीच चिपका कर देखें। यदि चाशनी उंगली व अंगूठे के बीच चिपक रही हो तो समझिये की वह बन गई है और यदि ना चिपके तो उसे थोड़ा और पकाए।
- Thinखीर एक प्रकार का मिष्टान्न है जिसे चावल को दूध में पका कर बनाया जाता है। खीर को पायस भी कहा जाता है। 'खीर' शब्द, 'क्षीर' (= दूध) का अपभ्रंश रूप है। जो इसकी एक अलग मिठास देता है। इसकी खुशबू और स्वाद लोगों को मुग्ध करते हैं और उनके मुंह में पानी आ जाता है।
- Lightजब चाशनी में उबाल आ जाए और सारी चीनी पानी में अच्छे से घुल जाए तो उसके बाद इसे १-२ मिनट तक और पकायें। फिर चाशनी के घोल में से १-२ बूंदे लेकर प्लेट में टपकाएं और अंगूठे व उंगली के बीच चिपका कर देखें। यदि चाशनी उंगली व अंगूठे के बीच चिपक रही हो तो समझिये की वह बन गई है और यदि ना चिपके तो उसे थोड़ा और पकाए।
- Regularचिक्की सामान्य रूप से मूँगफली और गुड़ से बनी पारम्परिक भारतीय मिठाई (भंगुर) है। चिक्की कई प्रकार की होती है, जो पूरे भारत में बहुत प्रसिद्ध है। चिक्की एक स्नैक अर्थात अल्पाहार की श्रेणी में आती है जिसे मुख्य रूप से मूँगफली और गुड़ द्वारा बनाई जाती है।
- Mediumगुलाब जामुन एक प्रकार का पकवान है जो मैदे, खोये तथा चीनी से बनाया जाता है। गुलाब जामुन नामक एक फल भी होता है, जिसके बारे में बहुत कम लोग जानते हैं। गुलाब जामुन एक फ़ारसी भाषा का शब्द है। गुलाब जामुन बनाने के लिये प्रतिकिलो खोये मे सौ ग्राम मैदा मिलाये। इसमे थोड़ा बेकिंग सोडा मिलाएँ। अब इसे अच्छी तरह गूँथे (मिलाइए)। गुलाब जामुन तो लगभग सभी की पसंदीदा मिठाई है।
- Boldजब यह चिपकने लगे तो इसे ठंडा करके छान लीजिये। एक चौड़े और बड़े बर्तन में मावा, पनीर और मैदा डालकर नरम व चिकना आटा गूथ लें। गुलाब जामुन बनाने के लिये मावा तैयार रखें। अब इसमें से थोड़ा सा मावा (करीब एक छोटी चम्मच) उंगलियों की सहायता से निकालिये और उसे हथेली पर रखकर चपटा कर लीजिये।
- Blackवरक़ बनाने के लिए चांदी को पीट पीट कर एक चादर में ढाला जाता है और इसकी मोटाई मात्र कुछ माइक्रोमीटर ही रह जाती है। इसे सहेजने के लिए इसे कागज की परतों के बीच रखा जाता है और इसे उपयोग से पहले इन कागजों मे से निकाला जाता है। यह बहुत ही नाज़ुक होता है और छूने पर छोटे छोटे टुकड़ों में टूट जाता है।
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Typeface information
GT America Devanagari is the missing bridge between 19th century American Gothics and 20th century European Neo-Grotesk typefaces, built from the ground up as a sturdy workhorse.
Typeface Minisite


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